Confidence, self-respect, and a strong personality never go out of style. Today’s girls know how to stand up for themselves, chase their dreams, and make their own rules. A powerful shayari can be the perfect way to express that fearless attitude and unique charm.
If you’re looking for attitude shayari in hindi for girls, this collection is filled with bold, stylish, and confidence-boosting lines. Whether you want to update your social media status or share your mindset with the world, these attitude shayari in hindi for girls are sure to make an impact.
तेरे इशारों पे नचती दुनिया, मैं अपने रास्ते चलती हूँ
काँटों पे चल के मुस्कुरा दूँ, खुद को हर शख्स से ऊँची रखती हूँ
काँटों पे चल के मुस्कुरा दूँ, खुद को हर शख्स से ऊँची रखती हूँ
मेरी खामोशी में सैलाब हैं, मेरी बातों में कंकर नहीं
हौसले मेरे गगन छूते, क्योंकि मैं आसमान से बढ़कर हूँ
हौसले मेरे गगन छूते, क्योंकि मैं आसमान से बढ़कर हूँ
आईने से पूछो मेरा चेहरा क्यों है गुलाब जैसा
मैंने ठोकर से ही तो रास्ते बदलना सीखा है
मैंने ठोकर से ही तो रास्ते बदलना सीखा है
तू मुझे टोकता है तो रुक जाती हूँ ऐ दोस्त
लेकिन जब तेरी औकात भूल जाए, मैं तुझे हवा में उड़ा दूँ
लेकिन जब तेरी औकात भूल जाए, मैं तुझे हवा में उड़ा दूँ
वो पूछते हैं “क्यों बदल गए अंदाज़?”
मैंने कहा – मेरा भी कोई अक्स था, टूट गया
अब वो खंडहर नहीं, मेरा किला है
मैंने कहा – मेरा भी कोई अक्स था, टूट गया
अब वो खंडहर नहीं, मेरा किला है
मुझे रेत पे लिखना पसंद नहीं, मैं पत्थर तराशती हूँ
हर शख्स मुझे पढ़ नहीं सकता, मैं तो बस चुनिंदा की किताब हूँ
हर शख्स मुझे पढ़ नहीं सकता, मैं तो बस चुनिंदा की किताब हूँ
आँखों में वो ठंडक रखती हूँ जैसे बर्फ़ की चादर
पर छू के देख, अंदर से ज्वालामुखी हूँ मैं
पर छू के देख, अंदर से ज्वालामुखी हूँ मैं
जिन्होंने मेरे सपनों पर ताने कसे
आज उनके ही घर में मेरे पोस्टर लगे हैं
आज उनके ही घर में मेरे पोस्टर लगे हैं
मैं वो आग हूँ जो जलाती भी है और बुझाती भी
मुझसे जो बच निकले, उसका नाम है मेरी मर्ज़ी
मुझसे जो बच निकले, उसका नाम है मेरी मर्ज़ी
वो कहते हैं “लड़की होकर तू बहुत तेज़ चलती है”
मैं हँसकर कहती हूँ – रुकने से तो रास्ते खत्म हो जाते हैं
मैं हँसकर कहती हूँ – रुकने से तो रास्ते खत्म हो जाते हैं
मेरे कंधे पर बंदूक नहीं, एक किताब है
जिसमें हर उस मर्द का नाम है जो मुझे छोटा समझता था
अब वो मेरे दर पर नौकरी माँगते हैं
जिसमें हर उस मर्द का नाम है जो मुझे छोटा समझता था
अब वो मेरे दर पर नौकरी माँगते हैं
तूफाँ में जहाज डगमगाते हैं
मैं तो बारिश में भी कागज़ की नाव नहीं बनाती
समझ ले, मेरा ठिकाना पार नहीं होता
मैं तो बारिश में भी कागज़ की नाव नहीं बनाती
समझ ले, मेरा ठिकाना पार नहीं होता
उस ने कहा “तुझमें वो सादगी नहीं जो लड़कियों में होती”
मैंने कहा – मैं जंगल हूँ, बगीचा नहीं
बाघिन से शीशा मत दिखा, खुद आईना ले आ
मैंने कहा – मैं जंगल हूँ, बगीचा नहीं
बाघिन से शीशा मत दिखा, खुद आईना ले आ
मेरे पहनने का तरीका, बोलने की अदा
किसी के सपनों में शोर मचाती है रातों को
वो सोते हुए भी मेरा नाम जपते हैं
और मैं चुपचाप अपना काम करती हूँ
किसी के सपनों में शोर मचाती है रातों को
वो सोते हुए भी मेरा नाम जपते हैं
और मैं चुपचाप अपना काम करती हूँ
रिश्ते मेरे टूटे तो रोती नहीं
हर ठोकर पर एक क़दम और आगे बढ़ती हूँ
अब वापस आकर कोई कहानी न बुन
मेरी मुस्कान में किसी के लिए जगह नहीं
हर ठोकर पर एक क़दम और आगे बढ़ती हूँ
अब वापस आकर कोई कहानी न बुन
मेरी मुस्कान में किसी के लिए जगह नहीं
मुझे देख कर अक्सर लोग कहते हैं – “कितनी कठोर है”
पर वो नहीं जानते कि नर्मी से पहले
लोहा दहकता है, फिर ठंडा होता है मगर मुड़ता नहीं
पर वो नहीं जानते कि नर्मी से पहले
लोहा दहकता है, फिर ठंडा होता है मगर मुड़ता नहीं
मैंने सीखा कि “ना” कहने में कोई शर्म नहीं
हाँ कहने से ज़्यादा ताकत “ना” में होती है
मेरी मर्जी मेरा दस्तावेज़ है, मैं उस पर हस्ताक्षर नहीं करती
हाँ कहने से ज़्यादा ताकत “ना” में होती है
मेरी मर्जी मेरा दस्तावेज़ है, मैं उस पर हस्ताक्षर नहीं करती
आईने में देखो, वो जो खड़ी मुस्कुरा रही है
वो वही लड़की है जिसे तुम कमज़ोर समझते थे
अब वो तुम्हारे बॉस के बॉस की दोस्त है
वो वही लड़की है जिसे तुम कमज़ोर समझते थे
अब वो तुम्हारे बॉस के बॉस की दोस्त है
मेरे जूतों के निशान सड़क पर गहरे हैं
लोग कहते हैं “इतना गर्व कैसा”
गर्व वही उठाता है जो गिरकर खून के घुटनों फिर उठता है
लोग कहते हैं “इतना गर्व कैसा”
गर्व वही उठाता है जो गिरकर खून के घुटनों फिर उठता है
आखिरी बात – मैं किसी के साए की भूखी नहीं
मैं अपनी छाँव खुद बनाती हूँ
धूप हो या तूफान, मैं अपना सूरज खुद हूँ
मैं अपनी छाँव खुद बनाती हूँ
धूप हो या तूफान, मैं अपना सूरज खुद हूँ




